Archive for category: कला संस्कृति

माधवपुरा में हुआ था कृष्ण-रुक्ष्मणि विवाह

माधवपुरा में हुआ था कृष्ण-रुक्ष्मणि विवाह

2 / April 6, 2011 3:27 pm

कन्हैया कोष्टी अहमदाबाद। सौराष्ट्र की विविधतापूर्ण धरती पर तीन ऐतिहासिक मेले लगते हैं, जिसमें तरणेतर का मेला (सुरेन्द्रनगर), दूसरा भवनाथ का शिवरात्रि मेला (जूनागढ) और तीसरा पोरबंदर से साठ किलोमीटर

प्रेमियों का विवाह कराने पर उन्होंने मृत्युदण्ड पाया

प्रेमियों का विवाह कराने पर उन्होंने मृत्युदण्ड पाया

0 / February 3, 2011 2:12 pm

‘वेलेण्टाइन डे‘ यानी प्रेम दिवस। 14 फरवरी को संपूर्ण विश्व में बड़ी तैयारियों के साथ मनाया जाता है, वेलेण्टाइन डे। सूचना क्रान्ति व सेटेलाइट के इस युग में यह दिवस

दीपावली पूजन – सुख-समृद्धि दायक है श्रीगणेश-लक्ष्मी पूजा

दीपावली पूजन – सुख-समृद्धि दायक है श्रीगणेश-लक्ष्मी पूजा

0 / October 16, 2010 12:08 am

दीपावली यानी दीप पक्तियां, अमावस्या को जब चन्द्रमा और सूर्य दोनों किसी भी एक डिग्री पर होते हैं तो गहन अंधकार को जन्म देते हैं। दीपावली गहन अंधकार में भी

अद्भुत और अनुपम हैं कृष्ण !

अद्भुत और अनुपम हैं कृष्ण !

0 / August 23, 2010 7:45 am

जगत् में चराचर के स्वामी, दुनिया को कर्म,अकर्म का पाठ पढ़ाने वाले, गोपियों से लेकर ज्ञानियों तक सबको मंत्रामुग्ध और अपने वश में कर लेने वाले, तीनों लोकांे में एकछत्रा

यूरोप में ईसाई-मुस्लिम संघर्ष

यूरोप में ईसाई-मुस्लिम संघर्ष

0 / August 21, 2010 8:45 am

यूं तो फ्रांस में वर्ष 2004 से ही पब्लिक स्कूलों में मुस्लिम महिलाओं के लिये हेड स्कार्फ लगाने पर प्रतिबंध है परन्तु अभी हाल में ही फ्रांस की संसद ने

भाई बहन के स्नेह का पावन पर्व-रक्षाबंधन

भाई बहन के स्नेह का पावन पर्व-रक्षाबंधन

0 / August 18, 2010 5:50 pm

श्रावणी की पूर्णिमा के दिन बहनों द्वारा अपने भाइयों की कलाइयों पर राखी बांधने का अपना अलग महत्त्व है। रक्षा बंधन हमारे देश के कई राज्यों में सदियों से मनाया

बहन की पाती: रक्षाबन्धन विशेष

बहन की पाती: रक्षाबन्धन विशेष

1 / August 17, 2010 2:06 pm

न मैं कृष्ण (द्रौपदी का एक और लाभ) और न तुम कृष्ण, फिर भी तुमने मेरी रक्षा का संकल्प लिया है। इस दुनियां में भाई-बहन के पवित्रा रिश्ते जैसा और

आदिवासियों में प्रेम संबंध

आदिवासियों में प्रेम संबंध

1 / August 9, 2010 9:27 pm

भारतीय आदिवासियों के जीवन में सेक्स का अपना महत्व है। वे आधुनिक सभ्यता से बहुत दूर संस्कृति परिवर्तन से अछूते हैं। दिन भर की थकान के बाद ये आदिवासी रात्रि

मंडी हाउस – कला की मंडी में कलाकारों का हाउस

मंडी हाउस – कला की मंडी में कलाकारों का हाउस

0 / August 4, 2010 2:09 am

” मंडी हाउस ” – यह नाम केवल एक आम बस स्टॉप या नवनिर्मित मेट्रो स्टेशन का भी नहीं, बल्कि एक ऐसे हाउस का है (माफ़ करें यहाँ अंग्रेजी के हाउस शब्द के बजाए हिंदी का घर ज्यादा उपयुक्त संज्ञा रहेगी ) जिसके आँगन में न जाने कितने सपने टूटे- बिखरे और कितने साकार हो, आज जीवंत आदर्श के रूप में स्थापित हैं. परन्तु नाम का प्रभाव इतना सार्थक रूप से किसी और जगह दृष्टिगोचर नहीं होता.

सांड युद्ध का शौक- मोनालो(मेटाडोरस)

सांड युद्ध का शौक- मोनालो(मेटाडोरस)

0 / May 29, 2010 9:17 am

शौक भी अजीब होते हैं। एक शौक है दूसरों को काल के मुंह में धकेल कर आनंद लूटने का। भारत वर्ष में तो जानवरों व पशु पक्षियों, मुर्गों को, चिड़ियाओं