अफज़ल गुरू को मिलेगा भारत रत्न -एक मज़ेदर पैरोडी
3आपके लिये विचार मीमांसा की टीम लाई है , फोटो ब्लॉग श्रृँखला ! अब शब्द नही तस्वीरेँ बोलेंगी. ! तो आईये देखते है, कैसे नाश मारा है , इन नेताओँ
अधर सुन्दर वदन सुन्दर नयन सुन्दर हँसी सुन्दर ह्रदय सुन्दर गमन सुन्दर कवि की नायिका तू अति सुन्दर ———————— वचन सुन्दर चरिता सुन्दर वसन सुन्दर करवट सुन्दर चलना सुन्दर भ्रमण
नया ज़माना, नई फ़िज़ा, नया रंग, नया ढंग । ऐसे में जब शिक्षा आमूल चूल रुप से बदल रही है, तब हम यह उम्मीद नहीं कर सकते कि शिक्षण के
‘कामचलाऊ‘ शब्द आज हिंदी में सबसे अधिक प्रयुक्त होने वाला शब्द है। हमारे भारतवर्ष में यह कामचलाऊ शब्द अनेक चीजों के साथ जाने अनजाने जुड़ ही जाता है। लोग यही
आपके लिये विचार मीमांसा की टीम लाई है , फोटो ब्लॉग श्रृँखला ! अब शब्द नही तस्वीरेँ बोलेंगी. ! तो आईये देखते है, कैसे नाश मारा है , इन नेताओँ
अधर सुन्दर वदन सुन्दर नयन सुन्दर हँसी सुन्दर ह्रदय सुन्दर गमन सुन्दर कवि की नायिका तू अति सुन्दर ———————— वचन सुन्दर चरिता सुन्दर वसन सुन्दर करवट सुन्दर चलना सुन्दर भ्रमण
नया ज़माना, नई फ़िज़ा, नया रंग, नया ढंग । ऐसे में जब शिक्षा आमूल चूल रुप से बदल रही है, तब हम यह उम्मीद नहीं कर सकते कि शिक्षण के
‘कामचलाऊ‘ शब्द आज हिंदी में सबसे अधिक प्रयुक्त होने वाला शब्द है। हमारे भारतवर्ष में यह कामचलाऊ शब्द अनेक चीजों के साथ जाने अनजाने जुड़ ही जाता है। लोग यही
जा तू अजगर हो जा।’ ‘जा रे अभिमानी, तू राक्षस हो जा।’ ‘जा, तुझे मैं पत्थर होने का शाप देता हूँ।‘ जा तू गिरगिट हो जा रे पापी। प्राचीन काल
इन दिनों दुनियां भर में बुर्के को लेकर बवाल मचा है। पक्ष या विपक्ष में जुबानी जमा खर्च चल रहा है। साथ ही इसके पक्ष एवं विपक्ष में नानाविध तर्क
क्या हमारे विश्वविद्यालय विश्व स्तर की चुनौतियों का सामना कर सकते हैं? क्या विश्व स्तर और विश्व बाजार में अपना नाम रोशन कर सकते हैं? क्या हमारी शिक्षा की गुणवत्ता
हमारे कर्णधार सफाई पसंद हैं। वे रोज देश की सफाई कर करके सारा कचरा स्विटजरलैंड के बैंक में फैंकते रहते हैं। इसके उलट हम महंगाई पसंद लोग हैं। बाहर से
प्रकृति रहस्यों से भरी-पड़ी है। प्रकृति की विचित्राताओं पर जब विचार व चिन्तन किया जाता है तो सिरजनहार की अद्भुत कारीगरी पर हम स्तब्ध रह जाते हैं। वनस्पतियों के इस
आदरणीय बच्चन जी, चरण स्पर्श, मैँ राजीव…दिल वालों की नगरी..दिल्ली से…आपका एक अदना सा प्रशंसक…. वैसे तो सुबह से लेकर रात तक मेरी दिनचर्या कुछ ऐसी है कि मैँ हर
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